शुक्रवार, 29 मई 2009

African Proverb


“Every morning in Africa, a gazelle awakens. He has only one thought on his mind: To be able to run faster than the fastest lion. If he cannot, then he will be eaten.
Every morning in Africa a lion awakens. He has only one thought on his mind: To be able to run faster than the slowest gazelle. If he cannot, he will die of hunger.
Whether you choose to be a gazelle or a lion is of no consequence. It is enough to know that with the rising of the sun, you must run. And you must run faster than you did yesterday or you will die. This is the race of life.”
- African Proverb

बुधवार, 27 मई 2009

सोमवार, 25 मई 2009

आईये नदी में नहाए



पसीने से तर बतर हो कर सोचा नहा लूँ
नदी पर देखा कमाल
एक फोटो लगा कर दिखलाई सब को
अब शायद हो धमाल
मगर अफ़सोस था के सोये रहे सभी
होकर चाहे जितना बेहाल
मछली जल की रानी थी
मगर संजोता पानी था
इंसान ने किया कमाल
प्लास्टिक में पानी
और पानी में प्लास्टिक था
जीवदया की मिसाल दी देश को
अब बचके जाओगे कहाँ
जाओ तुम चाहे जहाँ
ये कमाल दिखेगा वहां

वाहजी क्या दृश्य है



रविवार, 24 मई 2009

शुक्रवार, 15 मई 2009

मंगलवार, 12 मई 2009

दृष्य ने बढ़ाई हसरत


हमारे जमाने बदलती राह के हैं
पथिक कहाँ गुजरते थे ,ये कल की बात है
आज तो आवाजाही कुछ ऐसी है बंधू के
सड़क पर चल पाना अब साहसिक बात है
दृष्य ने बढ़ा दी हसरत दिल में मेरे
कोई रास्ता बन दे इस तरह , वजह नही बेबात है

गुरुवार, 7 मई 2009

Extinct bird, not seen for 100 years


Extinct bird, not seen for 100 years, photographed and eaten in The Philippines03/03/2009 08:37:37

worcesters-buttonquail. Credit Wild Bird Club of the Philippines (WBCP).
Worcester's buttonquail rediscovered - and eatenMarch 2009. A rare bird that was believed to be extinct as it had not been seen for more than 100 years has turned up in the Philippines and been photographed for the first time, the Wild Bird Club of the Philippines (WBCP) has reported.Unfortunately, the bird was eaten shortly after being photographed as no one at the time realised the bird's importance.The bird, known as Worcester's buttonquail (Turnix worcesteri), was recorded on both video and still photography by a TV documentary team at Dalton Pass in Nueva Vizcaya in January before it was cooked and eaten.The WBCP hailed the discovery of the Worcester's buttonquail. "We are ecstatic that this rarely seen species was photographed by accident. What if this was the last of its species?" WBCP president Mike Lu said.Described from dead birds in 1902 - not seen since!He said the Worcester's buttonquail was first described based on specimens bought in Quinta Market in Manila in 1902. The bird was named after Dean Conant Worcester, an American zoologist and public official specializing in the Philippines around that time.
The bird was caught by native bird trappers in mid-January and documented by an I-Witness team led by Howie Severino. Severino and his team had not realized what they had documented until Desmond Allen, a British ornithologist who is a member of the WBCP, spotted a photograph of the bird in the credits of Bye-Bye Birdie, the team's recent I-Witness documentary about the bird-trapping tradition in northern Luzon.
Courtesy of the Wild Bird Club of the Philippines

सोमवार, 4 मई 2009

क्या कहेंगे ?


दर्पण

दर्पण से दिल ने पूछा : क्या राज है जो दूसरो को हु-ब-हु दिखा देते हो?
दर्पण ने कहा : मेरे दिल यानी शीशे से पूछो ये बात कि वो बिल्कुल साफ़ छान देता क्यों है?
दिल ने कहा : आगे से तो ठीक है मगर पीछे से कुछ भी नही दीखता ?
दर्पण ने कहा : ठीक ही तो है , जो बताना हो सामने ही बता लो , पीछे से क्या?
भाई बात तो ठीक कही मगर दीदार तो तुम बाहरी कराते हो.......
ग़लत कह रहे हो जनाब , दीदार मैं कराता नही , तुम्हारी सोच का रिफ्लेक्शन ही दीखता है तुम्हे फ़िर इसमे मेरी गलती कहाँ ? वैसे भी मैं तो तुम्हे ठीक उल्टा ही दिखाता हूँ और तुम इसे उल्टा समझते हो.....ज़रा पूछो अपने मन से

रविवार, 3 मई 2009

एक कहानी

एक कौवा था ।
बड़ा प्यासा था।
उसने अपने दोस्त से कहा भाई बड़ी गर्मी है और प्यास भी लगी है क्या करूं।
कौवा बोला चिंता न कर , हमारा शहर बड़ा दयावान है, गर्मी में पानी की व्यवस्था देता है ।
वो कैसे ? पहले ने पूछा । भाई हमें तो बड़ी मशक्कत करना पड़ती है । कंकड़ पत्थर मटकों में डालने पड़ते है तब जा के कहीं थोड़ा सा पानी नसीब होता है।
दूसरा कौवा उसे वाटर कूलर के पास ले गया ।
प्यासे कौवे ने कहा : ये कहाँ ले आए अलमारी में कोई पानी होता है क्या ? फ़िर यहाँ लोगों ने पीक मारकर गंदा कर रखा है ऐसी जगह पानी कैसे पीते हैं?
शहरी कौवे ने चोंच लगाकर पानी पीकर दिखाया ।
गाँव का प्यासा कौवा भी उसी तरह चोंच अडा कर पानी पीने लगा । पानी पीने के बाद उसने कहा भाई पानी तो बड़ा ठंडा था , व्यवस्था भी सुंदर कर रखी है मगर ये गंदगी रास नही आई।
कोई बात नही । अगली बार "पानी" खरीदकर पीना वो भी यहाँ उपलब्ध है।
क्या ? पानी खरीदकर ?
हाँ भाई बोतल बंद मिलता है न इसलिए ।
भाई कमाल है शहर भी

शनिवार, 2 मई 2009

कबर कहाँ कहाँ


एक सुंदर कबर देख
मन न माना
लगा दी पोस्ट
देखो दोस्त
कबर पे महफूज है कुरान
पत्थर को भी मिल गई जैसे जान
पौधों ने सुन्दरता बढ़ाई
किसी को देख किसी की याद आई
कोई किस्से बातें पुरानी
यार की भी तो थी कहानी
जायेंगे हम कभी
एकाध बना देना कबर हमारी कहीं
धूल न खाने देना, बस यही एक इल्तजा है
वरना कबर में रहना भी सजा है

शुक्रवार, 1 मई 2009

हमेशा उदास ?

हमेशा रहो उदास
रहो नशे में जैसे
चेहरा रखो ऐसे
धोया न मुह हो जैसे
सुबह ही ठान लो
खुश होंगे कभी न हम
चाहे पा लें
मनचाहा
रहो उदास
दिखोगे ख़ास