गुरुवार, 2 जुलाई 2009

क्या बात है .........

हसीं वादियों में
एक चेहरा
थामकर सोचा
बन सकूँ जो इस जैसा
आख़िर बन गए
हम एक मॉडल
पर हाय री किस्मत
टीका न सके
परिन्दा हाथो पर
इस जैसा

4 टिप्‍पणियां:

ओम आर्य ने कहा…

achchhi kawita our achchhe pics............too good

संगीता पुरी ने कहा…

क्‍या बात है .. सचमुच बहुत सुंदर !!

Nirmla Kapila ने कहा…

इतनी सुन्दर तस्वीर को देख कर कौन इस जैसा बनना ना चाहेगा् शुभकामनायें

Udan Tashtari ने कहा…

बताओ!!